मंथन न्यूज़ - कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी बहुत ही जल्द पार्टी अध्यक्ष का पद सम्भालने वाले हैं। वहीं दूसरी ओर अटकलें लगाई जा रही हैं कि राहुल गांधी अपने कजिन भाई और बीजेपी सांसद वरुण गांधी का भारत की सबसे पुरानी पार्टी इंडियन नेशनल कांग्रेस में स्वागत कर सकते हैं। आगरा के एक स्थानीय नेता का मानना है कि वरुण गांधी को जो जगह मिलनी चाहिए वह जगह उन्हें बीजेपी में नहीं मिल रही है। राज्य में मुख्यमंत्री उम्मीदवार के तौर पर वरुण गांधी सबसे ज्यादा लायक थे लेकिन पार्टी द्वारा उन्हें पूरी तरह से नजरअंदाज कर दिया गया। इंडिया टुडे से बातचीत के दौरान कांग्रेस के वरिष्ठ मुस्लिम नेता हाजी जमीलुद्दीन ने कहा कि भगवा रंग वाली पार्टी में वरुण को नजरअंदाज किया जा रहा है। 
जमीलुद्दीन ने कहा सार्वजनिक तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अलावा पार्टी के किसी भी नेता को अपने ‘मन की बात’ कहने का मौका नहीं दिया जाता। वरुण गांधी बीजेपी के उन नेताओं में से एक हैं जो कि मोदी सरकार में अपनी बेबाक राय रखते हैं और उन्हें इसकी कीमत पार्टी द्वारा नजरअंदाज करके चुकाई जा रही है। यूपी में सत्ता में आने के बाद बीजेपी के कई समर्थकों ने वरुण गांधी का नाम मुख्यमंत्री के उम्मीदवार के तौर पर सबके सामने रखा था लेकिन उन्हें साइड कर योगी आदित्य नाथ को मुख्यमंत्री बना दिया गया जमीलुद्दीन के अलावा एक अन्य कांग्रेस वरिष्ठ नेता हाजी मंजूर अहमद ने कहा कि आगामी 2019 के लोकसभा चुनावों में एक सदस्य या पदाधिकारी के तौर पर वरुण गांधी को कांग्रेस कार्यकारिणी में शामिल किया जा सकता है। प्रियंका गांधी के समर्थन से वरुण गांधी और राहुल गांधी को पार्टी का मजबूत हिस्सा बनाया जा सकता है क्योंकि प्रियंका के वरुण के साथ बहुत ही अच्छा रिश्ता है। इतना ही नहीं अहमद ने यह भी कहा कि वरुण गांधी को बीजेपी से बाहर लाने और उन्हें कांग्रेस में शामिल करने में प्रियंका एक मुख्य स्रोत बन सकती हैं। अगर ऐसा होता है तो करीब 35 साल के बाद नेहरु-गांधी परिवार की एकता फिर से कायम होगी।

आज तक 3 घंटे पहले

मंथन न्यूज़ - केन्द्र सरकार द्वारा आरजेडी अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव की सुरक्षा में कटौती किये जाने पर उनके बेटे और बिहार सरकार के पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव बेहद नाराज हैं। तेज प्रताप यादव ने केन्द्र के इस फैसले पर लगभग अपना आपा खोते हुए कहा कि वह नरेंद्र मोदी की खाल उधेड़वा लेंगे। तेज प्रताप यादव ने कहा कि उनके पिता लालू प्रसाद यादव की मर्डर की साजिश रची जा रही है। उन्होंने कहा कि वह नरेंद्र मोदी को मुहंतोड़ जवाब देंगे। सोमवार  से शुरू हुए बिहार विधानसभा के शीतकालीन सत्र में शिरकत करने के लिए जाते हुए तेज प्रताप यादव ने कहा कि अभी आरजेडी के कई कार्यक्रम प्रस्तावित हैं, लालू यादव इन कार्यक्रमों में जाते रहते हैं, बावजूद इसके सरकार ने उनकी सुरक्षा कम कर दी है। सरकार के फैसले से खफा तेज प्रताप यादव ने कहा कि उनके पिता की हत्या की साजिश रची जा रही है, लेकिन आरजेडी इसका मुहंतोड़ जवाब देगी। इसके बाद उन्होंने दो बार कहा कि वह नरेंद्र मोदी की खाल उधेड़वा लेंगे तेज प्रताप ने यहां संवाददाताओं से कहा, “हम लोग कार्यक्रमों में जाते रहते हैं। लालू प्रसाद जी भी इन कार्यक्रमों में जाते रहते हैं। ऐसे में सुरक्षा वापस लेना, उनकी हत्या कराने की साजिश है। हम इसका मुहतोड़ जवाब देंगे, नरेंद्र मोदी जी की खाल उधड़वा देंगे बता दें कि केन्द्र सरकार ने बिहार के दो पूर्व सीएम लालू प्रसाद यादव और जीतन राम मांझी की सुरक्षा में कटौती की है। पहले इन दोनों नेताओं को “जेड प्लस” कैटेगरी की सुरक्षा मिलती थी। अब इन्हें सिर्फ “जेड” श्रेणी की सुरक्षा दी जाएगी। जेडीयू के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष शरद यादव की सुरक्षा में भी कटौती हुई है। हाल ही में तेज प्रताप यादव तब विवादों में आए थे जब उन्होंने बिहार के डिप्टी सीएम सुशील मोदी को धमकी देते हुए कहा था कि वह  उनको उनके घर में घुसकर मारेंगे। तब तेज ने बयान दिया था कि अगर वह सुशील मोदी के बेटे की शादी में जाते हैं तो वह उनकी पोल खोल देंगे। तेज प्रताप की इस धमकी के बाद सुशील मोदी ने अपने बेटे की शादी की जगह बदल ली थी। हालांकि इसके लिए उन्होंने दूसरे कारणों का हवाला दिया था। सुशील मोदी ने कहा कि वह नहीं चाहते कि किसी प्रकार का विवाद अथवा अव्यवस्था पैदा हो। सुशील मोदी ने कहा कि किसी को कोई मौका मिले, ये ठीक नहीं है। बेहतर सुरक्षा और पार्किंग की व्यवस्था को देखते हुए स्थल बदला गया है

केंद्र सरकार पर बरसे लालू, कहा- मुझे कुछ हुआ तो पीएम मोदी-नीतीश होंगे जिम्मेवार
 मंथन न्यूज़ -  अपनी सुरक्षा में कटाैती किये जाने से नाराज राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने कल  केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा है. लालू यादव ने कहा कि पीएम मोदी नहीं चाहते हैं कि हम कहीं आये और जाये. मुझ पर कहीं भी हमला कराया जा सकता है. उन्होंने कहा कि यूपीए सरकार ने हमें जेड प्लस की सुरक्षा दी थी. मुझे कुछ हुआ तो इसके लिए नीतीश कुमार और पीएम मोदी जिम्मेवार होंगे. उन्होंने आगे कहा कि वे किसी से डरने वाले नहीं है. मेरी सुरक्षा बिहार का बच्चा-बच्चा करेगा | पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तेज प्रताप यादव के बड़े बोल पर लालू यादव ने सफाई देते हुए कहा कि पिता को साजिश में फंसाएंगे तो बेटा बोलेगा ही, लालू प्रसाद डरने वाला इंसान नहीं. उन्होंने कहा कि पूर्व सीएम जीतनराम मांझी को नक्सलियों का थ्रेट है, उनकी भी सुरक्षा कम कर दी गयी. लालू प्रसाद ने कहा कि साजिश के तहत सुरक्षा में कटौती की गयी है. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी नहीं चाहते हैं कि मैं कहीं भी आना-जाना करूं उल्लेखनीय है कि केंद्र ने राष्ट्रीय जनता दल प्रमुख लालू प्रसाद यादव को मिले वीआइपी एनएसजी कमांडो के सुरक्षा कवर जेडू को हटा लिया है. आधिकारिक सूत्रों ने आज बताया कि सुरक्षा पाने वाले विभिन्न लोगों को खतरे की हालिया समीक्षा के बाद यह कदम उठाया गया है. सूत्रों ने बताया कि बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री को अब जेड श्रेणी की सुरक्षा दी जायेगी. इस श्रेणी के तहत मिलने वाले सुरक्षा कवर के अनुसार, अब उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के सशस्त्र कमांडो दस्ते की होगी.

अब लालू की सुरक्षा की जिम्मेदारी राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड के ब्लैक कैट कमांडोज की नहीं होगी. एनएसजी सिर्फ जेडू सुरक्षा कवर मुहैया करवाती है. सूत्रों ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सुरक्षा पाने वाले विभिन्न अति विशिष्ट व्यक्तियों (वीआइपी) को खतरों की हाल ही में समीक्षा की थी, जिसके बाद यह फैसला लिया गया. बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी को प्राप्त जेडू सीआरपीएफ वीआइपी सुरक्षा कवर पूरी तरह से वापस ले लिया गया है. अब उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी राज्य पुलिस की होगी. उन्होंने बताया कि कोयला एवं खान राज्य मंत्री को जेड श्रेणी का सुरक्षा कवर तब दिया गया था जब वह गृह राज्य मंत्री थे

तो अपनी पत्नी की वजह से पॉलिटिक्स में नहीं आना चाहते रघुराम राजन मंथन न्यूज़ -  रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन ने साफ कर दिया है कि वो कभी राजनीति का हिस्सा नहीं बनेंगे और उन्होंने इसकी बहुत दिलचस्प वजह भी बताई है. इसके पीछे उनकी पत्नी का हाथ है.
कुछ दिनों पहले आम आदमी पार्टी की एक बैठक से एक खबर निकली थी कि आप पार्टी राजन को राज्यसभा की सदस्यता देने पर विचार कर रही है. आप ने ये प्रस्ताव भी रखा लेकिन राजन ने ये प्रस्ताव ठुकरा दिया. उनका कहना था कि वो राजनीति में नहीं आना चाहते.
टाइम्स ग्रुप की ओर से आयोजित साहित्य महोत्सव में हिस्सा लेने पहुंचे रघुराम राजन ने कहा कि राजनीति के मामले में उनकी पत्नी ने साफ-साफ मना कर रखा है. और इसके अलावा वो राजनीति में वैसे भी दिलचस्पी नहीं रखते. वो प्रोफेसर की भूमिका निभाकर खुश हैं और यही काम करते रहना चाहते हैं.
उन्होंने कहा, 'जब मैं आरबीआई का गवर्नर था, तब लोग मुझे आईएमएफ भेजना चाहते थे और अब जब वापस प्रोफेसर बन गया हूं तब लोग मुझे कहीं और देखना चाहते हैं. मैं प्रोफेसर के तौर पर काफी खुश हूं. दिन में कई घंटे काम करने के लिए मेरे पास दिमाग है. अपने काम को मैं पसंद करता हूं.'इसके अलावा भी पूर्व आरबीआई गवर्नर ने कई गंभीर मुद्दों पर अपना पक्ष रखा.
  उन्होंने पॉपुलिस्ट नेशनलिज्म यानी लोकलुभावन राष्ट्रवाद पर कहा कि ये आर्थिक विकास के लिए हानिकारक है. आमतौर पर यह बहुसंख्यक समुदाय में भेदभाव को लेकर उन्हें उत्तेजित करता है. लोग शिकायत की इस भावना का फायदा उठाते हैं. 
 देश में आरक्षण का मुद्दा इसका एक उदाहरण है. पॉपुलिस्ट नेशनलिज्म का मिथ्या दुनियाभर में है और भारत इससे बचा हुआ नहीं है.उन्होंने कहा, यह महत्वपूर्ण है कि नौकरियों की समस्या को सुलझाया जाए. बहुसंख्यक कम्युनिटी की शिकायतों को बढ़ा-चढ़ा कर नहीं कहा जा सकता, क्योंकि अल्पसंख्यक काफी समय से भेदभाव का सामना कर रहे हैं. उन्होंने कहा, राष्ट्रवाद देशभक्ति नहीं है, क्योंकि ये बांटता है जो कि खतरनाक है. फिर भी उन लोगों को खारिज करना गलत है जो इन चीजों पर आवाज बुलंद करते हैं. 
उन्हें गंवार के रूप में खारिज कीजिए. जीएसटी पर उन्होंने कहा, शुरुआती कुछ समस्याओं के बावजूद यह लंबे समय के लिए अच्छा है. इसकी कुछ खामियों को दूर करने की जरूरत है

Image result for नरेंद्र मोदी ke pic
मंथन न्यूज़ -  गुजरात विधानसभा चुनावों के लिए सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भुज से अपने प्रचार अभियान की शुरुआत की. यहां भुज में एक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि 'भुज का प्‍यार पाकर अभिभूत हूं'. पीएम ने कहा कि 'आशापुरा मां से अशीर्वाद लेना सौभाग्‍य की बात है. मैं जनता का आशीर्वाद लेने गुजरात आया हूं. विपक्ष कीचड़ उछालता रहे, कमल खिलता ही रहेगा.' पीएम ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि 'एक तरफ विकास में विश्‍वास है तो दूसरी तरह वंशवाद है. ये चुनाव विकास के विश्‍वास और वंशवाद के खिलाफ है'. पीएम ने आगे कहा कि 'क से कच्‍छ, क से कमल होता है. कांग्रेस गुजरात तुम्‍हें कभी माफ नहीं करेगा. मैैं किसानों की मेहनत को सलाम करता हूं'. प्रधानमंत्री ने यहां उम्‍मीद जताते हुए कहा, बीजेपी गुजरात में कम से कम 151 सीटें जीतेगी.   
पीएम ने कहा कि पाकिस्‍तान की कोर्ट ने आतंकी हाफि‍ज सईद को छोड़ा तो कांग्रेस को ताली बजाने की क्‍या जरूरत है? प्रधानमंत्री ने कहा कि एक वक्‍त था जब कच्‍छ में कोई नौकरी करने के लिए आने को तैयार नहीं था. लोगों को पानी की दिक्‍कत की वजह से यहां अपना घर भी छोड़ना पड़ता था. पीएम ने कहा, कांग्रेस के नेता गुजरात की धरती पर आकर उसी के बेटे का अपमान करते हैं. कांग्रेस ने इसी तरह गुजरात के बेटे सरदार पटेल का भी अपमान किया. गुजरात के बेटों का अपमान करने की सजा जनता कांग्रेस को देगी. गुजरात मेरी आत्‍मा और भारत परमात्‍मा है. रैली सेे पहलेे पीएम नरेंद्र मोदी यहां आशापुरा माता से आशीर्वाद लेने के लिए मंदिर पहुंचे और पूजा-अर्चना की. यहां पीएम ने सुरक्षा का घेरा तोड़कर मंदिर में आए लोगों से मुलाकात की. पीएम खास तौर पर यहां बच्‍चों से मिले. पीएम मोदी कच्छ जिले के भुज शहर के बाद राजकोट के जसदान शहर, अमरेली के धारी और सूरत जिले के कडोदरा में सभा को संबोधित करेंग दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सौराष्ट्र और दक्षिण गुजरात में आज (27 नवंबर) और 29 नवंबर को कुल मिलाकर आठ रैलियों को संबोधित करेंगे. यहां विधानसभा चुनावों के लिए प्रथम चरण में नौ दिसंबर को वोट डाले जाएंगे. प्रधानमंत्री 29 नवंबर को दक्षिण गुजरात में सोमनाथ के नजदीक मोरबी और प्राची गांवों में, भावनगर के पलीताना में और नवसारी में जनसभाओं को संबोधित करेंगे. भाजपा गुजरात में 'मोदी के करिश्मे' को आधार बनाते हुए हर सीट और एक-एक बूथ पर ध्यान केंद्रीत कर रही है और इस अभियान में पन्ना प्रमुख से जिला प्रमुख और प्रदेश एवं राष्ट्रीय नेताओं तथा मंत्री एक केंद्रीत कमान के रूप में काम कर रहे हैं. उल्‍लेखनीय है कि करीब 15 सालों में पहली बार राज्य में पीएम मोदी भाजपा का चेहरा नहीं हैं और पाटीदार नेता हार्दिक पटेल तथा पिछड़े वर्ग के नेता जिग्नेश मेवाणी एवं ठाकोर के साथ कांग्रेस की ओर से भाजपा को चुनौती दी जा रही है. ऐसे में भाजपा एक बार फिर 'मोदी मैजिक' का सहारा लेती नजर आ रही है गुजरात प्रदेश भाजपा प्रवक्ता भारत भाई पांड्या ने बताया कि हर रैली को इस तरह से आयोजित किया गया है कि आसपास के पांच-छह   विधानसभा क्षेत्रों के लोग भी इसमें शामिल हो सकें. समझा जाता है कि प्रधानमंत्री मोदी गुजरात में 25 से 30 सभाओं को संबोधित करने जा रहे हैं. भाजपा ने कांग्रेस के 'विकास पागल हो गया है' के नारे की काट के रूप में 'मैं गुजरात छू, मैं विकास छूं' के नारे पर जोर दे रही है.27 नवंबर को भाजपा के कई और प्रमुख नेता भी पहले चरण के मतदान वाले क्षेत्रों में प्रचार करेंगे. भाजपा की ओर से स्टार प्रचारकों में केंद्रीय मंत्री- राजनाथ सिंह, नितिन गडकरी, अरुण जेटली तथा सुषमा स्वराज व भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्री- योगी आदित्यनाथ, वसुंधरा राजे समेत कई अन्य नेता शामिल हैं. भाजपा नेता ने बताया कि 26-27 नवंबर को स्टार प्रचारक पहले चरण में मतदान वाली सभी 89 सीटों पर प्रचार करेंगे.उल्‍लेखनीय है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 'मन की बात' के साथ 26 नवंबर को भाजपा का गुजरात चुनाव का प्रचार अभियान शुरू हो गया, जहां राज्य के सभी पचास हजार बूथों पर शाह समेत केंद्र के प्रमुख मंत्रियों एवं नेताओं तथा भाजपा कार्यकर्ताओं ने चाय पर लोगों के साथ मन की बात सुनी. इसी दिन शाम से पार्टी राज्य के पहले चरण की सभी 89 सीटों पर एक साथ चुनावी सभाएं कर रही है, जिनमें भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के साथ सभी प्रमुख नेता हिस्सा ले रहे हैं. 'मन की बात, चाय पे चर्चा के साथ' का आयोजन भाजपा ने ऐसे समय में किया है, जब कुछ ही दिन पहले युवा कांग्रेस ने मोदी के चाय बेचने की पृष्ठभूमि को लेकर तंज किया था हालांकि बाद में पार्टी ने इससे अपने आप को अलग कर लिया था

IND vs SL : भारत ने श्रीलंका पर पारी और 239 रन की बड़ी जीत दर्ज की, अश्विन ने बनाया सबसे तेज 300 विकेट लेने का रिकॉर्ड मंथन न्यूज़ -  श्रीलंका के खिलाफ खेले गये दूसरे टेस्ट मैच में भारत ने श्रीलंका को एक पारी और 239 रन से हरा दिया. यह भारत की बहुत बड़ी जीत है. आज सुबह श्रीलंका ने कल के स्कोर एक विकेट के नुकसान पर 21 रन से आगे खेलना शुरू किया और लंच के बाद ही पूरे नौ विकेट खो दिये. आज के खेल के हीरो रहे रविचंद्रन अश्विन जिन्होंने सबसे तेज 300 विकेट लेने का रिकॉर्ड बनाया.
 इससे पहले कप्तान विराट कोहली के रिकार्ड दोहरे शतक और रोहित शर्मा के नाबाद शतक से भारत ने दूसरे क्रिकेट टेस्ट के चौथे दिन 405 रन की बढ़त लेने के बाद दूसरी पारी में श्रीलंका का स्कोर एक विकेट पर 21 रन करके मैच पर शिकंजा कस दिया. आज श्रीलंक़ा ने कल के स्कोर एक विकेट के नुकसान पर 21 रन से  आगे खेलना शुरू किया और अभी स्कोर चार रन के नुकसान पर 75 रन है कोहली ने कप्तान के रुप में पांचवां दोहरा शतक जड़ते हुए 267 गेंद में 17 चौकों और दो छक्कों की मदद से 213 रन की पारी खेली. उन्होंने इसके अलावा एक साल से भी अधिक समय बाद पहला टेस्ट खेल रहे रोहित (160 गेंद में नाबाद 102, आठ चौके, एक छक्का) के साथ पांचवें विकेट के लिए 173 रन की साझेदारी भी जिससे भारत ने अपनी दूसरी पारी छह विकेट पर 610 रन बनाकर घोषित की.
कोहली ने चेतेश्वर पुजारा (143) के साथ भी तीसरे विकेट के लिए 183 रन जोडे. इन तीनों के अलावा कल सलामी बल्लेबाज मुरली विजय (128) ने भी शतक जडा था. यह तीसरा मौका है जब भारत के चार बल्लेबाजों ने पारी में शतक जडा है. कोहली ने इसके साथ ही कप्तान के रुप में पांच दोहरे शतक के वेस्टइंडीज के महान बल्लेबाज ब्रायन लारा के रिकार्ड की बराबरी की. कोहली ने 130 गेंद पर 10 चौकों की मदद से अपना 19वां टेस्ट शतक पूरा किया और कप्तान के रुप में 12वां शतक जडते हुए सुनील गावस्कर के 11 शतक को पीछे छोडकर भारत की ओर से सबसे अधिक टेस्ट शतक जड़ने वाले कप्तान बने.
श्रीलंका की तरफ से दिलरवान परेरा सबसे सफल गेंदबाज रहे जिन्होंने तीन विकेट चटकाए लेकिन इसके लिए उन्होंने 202 रन लुटाए। रंगना हेराथ (81 रन पर एक विकेट), लाहिरु गमागे (97 रन पर एक विकेट) और दासुन शनाका (103 रन पर एक विकेट) को एक-एक विकेट मिला. दूसरी पारी में भी श्रीलंका की शुरआत खराब रही और टीम ने दूसरी ही गेंद पर सदीरा समरविक्रम (00) का विकेट गंवा दिया जिन्होंने इशांत शर्मा (15 रन पर एक विकेट) की अंदर की ओर आती गेंद को छोडने का फैसला किया और अपना आफ स्टंप गंवा दिया. सलामी बल्लेबाज दिमुथ करणारत्ने (नाबाद 11) और लाहिरु थिरिमाने (नाबाद 09) ने हालांकि इसके बाद श्रीलंका को बाकी बचे 8 . 4 ओवर में और झटके नहीं लगने दिए. श्रीलंका को पारी की हार टालने के लिए अब भी 384 रन की दरकार है जबकि उसके नौ विकेट शेष हैं

भारत-पाक सीरीज पर बोले धौनी, यह मैच से बड़ा फैसला, इसे सरकार ही तय करे
 मंथन न्यूज़ - भारत के सीनियर खिलाडी महेंद्र सिंह धौनी ने आज व्यस्त कार्यक्रम के मुददे पर कप्तान विराट कोहली का समर्थन किया और कहा कि टीम को दक्षिण अफ्रीका जैसे दौरों के लिए परिस्थितियों के अनुरुप ढलने की तैयारी के लिए समय की जरुरत है. धौनी टेस्ट टीम में नहीं हैं लेकिन दक्षिण अफ्रीका के आगामी दौरे के लिए वनडे टीम में होंगे. हालांकि उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर के तौर पर यह काफी चुनौतीपूर्ण है.
धौनी ने यहां कहा, यह बिलकुल सही है क्योंकि हम इतना क्रिकेट खेलते हैं कि हम जब विदेशों में खेलने जाते हैं तो हमें तैयारी के लिए काफी समय नहीं मिलता. लेकिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर के तौर पर यह एक चुनौती भी है. कोहली के बयान के संबंध में सवाल पूछने पर उन्होंने कहा, हालात का आदी होने के लिए कुछ समय की जरुरत होती है, लेकिन अगर आप इस टीम को देखो तो ऐसे कई क्रिकेटर हैं जो विदेश में खेल चुके हैं और इससे काफी मदद मिलती है. अगर उन्हें छह से आठ या 10 दिन मिल जाते हैं तो यह अच्छा होगा.
लेकिन जो भी समय उन्हें मिलेगा, मुझे लगता है कि वे अच्छा करेंगे. पूर्व भारतीय कप्तान यहां कुंजेर क्रिकेट मैदान पर खेले गये एक मैच के मौके पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे. धोनी श्रीनगर की चिनार कोर द्वारा आयोजित चिनार क्रिकेट प्रीमियर लीग के फाइनल्स में मुख्य अतिथि थे.
धौनी से जब पूछा गया कि भारत और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय सीरीज आयोजित होनी चाहिए तो उन्होंने कहा कि यह फैसला सरकार पर ही छोड़ देना चाहिए. उन्होंने कहा कि जब चिर प्रतिद्वंद्वी टीमों के बीच क्रिकेट मैच की बात आती है तो यह खेल से कहीं अधिक बड़ा मुद्दा बन जाता है. धौनी ने कहा, जब भारत-पाकिस्तान क्रिकेट की बात आती है तो यह महज खेल नहीं होता क्योंकि यह इससे भी बड़ा बन जाता है. यह सरल फैसला नहीं है लेकिन राजनीतिक फैसला है

MARI themes

Powered by Blogger.