passportofficeinaugrated 01 04 2017पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ जबलपुर -पासपोर्ट अब जबलपुर में ही बनेगा। शनिवार को मुख्य डाकघर में पासपोर्ट सेवा केन्द्र का शुभांरभ केन्द्रीय विदेश राज्यमंत्री जनरल वीके सिंह ने किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली और जबलपुर के पासपोर्ट में कोई अंतर नहीं होगा। प्रक्रिया ऑनलाइन है इसलिए दफ्तर में अफसरों से मिन्न्त करने और गांधी ट्रेडमार्क (रिश्वत) देने की जरूरत नहीं। आवेदन करो और खुद हफ्तेभर में सुविधा मुताबिक आने का वक्त दो। अभी एक दिन में 40 आवेदन पासपोर्ट के लिए जाएंगे।
केन्द्रीय मंत्री वीके सिंह ने कहा कि बॉयोमेट्रिक और डाक्युमेंट वेरीफिकेशन करवाकर पासपोर्ट ले सकते हैं। जल्द ही हर जिले के प्रधान डाकघर में पासपोर्ट सेवा केन्द्र खुलेंगे। उन्होंने खुद का जबलपुर से पुराना रिश्ता बताया। कहा पिता जबलपुर में सेना के ब्रांच रिक्रूटिंग ऑफीसर थे। यहां की संस्कृति और लोग अन्य जगह से अलग है।
38 साल बाद भोपाल से बाहर पहुंचा पासपोर्ट दफ्तर
मुख्य पासपोर्ट अधिकारी अरुण चटर्जी ने कहा कि पासपोर्ट जबलपुर में बनने से 8 जिलों के लोगों को फायदा होगा। भोपाल से करीब 38 साल बाद किसी अन्य शहर में पासपोर्ट दफ्तर पहुंचा है। उन्होंने बताया कि हर दिन 40 आवेदकों का वेरीफिकेशन किया जाएगा। आने वाले दिनों में संख्या बढ़ाई जाएगी। डिमांड अभी से इतनी है कि अगले 3-4 दिनों का काम बुक है। उन्होंने आर्थिक रूप से कार्यालय खुलने का महत्व बताया। कहा कि जबलपुर में कार्यालय खुलने से हर माह करीब 30 लाख रुपए की बचत संभाग के लोगों की होगी।

प्री-वेरीफिकेशन का ऑप्शन भी
पासपोर्ट बनाने के पहले पुलिस वेरीफिकेशन अहम होता है। इसी में सबसे ज्यादा वक्त खर्च होता है। प्रक्रिया अधर में लटकती है। विदेश राज्यमंत्री ने कहा कि अब आवेदन प्री-वेरीफिकेशन के जरिए पासपोर्ट बनाने की प्रक्रिया जल्द पूरी करवा सकता है। इसके लिए उन्हें स्वयं का लिखा शपथपत्र प्रस्तुत करना होगा कि उनके खिलाफ कोई आपराधिक मामला नहीं है। बाद में विभाग जांच करवाएगा। यदि कुछ गलत हुआ तो एफआईआर दर्ज होगी।

शहर को बड़ी सौगात 
सांसद राकेश सिंह ने पासपोर्ट सेवा केन्द्र खुलने पर कहा कि जबलपुर के लिए ये बड़ी सौगात है। देश में मोदी सरकार आने के बाद जबलपुर में अब तक 12 केन्द्रीय मंत्री आ चुके हैं। उनके आने से शहर को कोई न कोई सौगात मिली है।

 शिवपुरी मंथन न्यूज़-लॉयन्स क्लब ग्वालियर की 100 वी  वर्षगांठ पर  ग्वालियर वैंकट  भवन में  लॉयन्स क्लब  द्वारा सम्मान समारोह का कार्यक्रम  आयोजित किया गया  आयोजकों दुवारा पुलिस विभाग में  उत्कृष्ठ कार्य करने पर वाले थाना प्रभारीयो को    सम्मानित किया गया! पुलिस महानिरीक्षक ग्वालियर श्री अनिल कुमार के दिशा निर्देश के तहत ग्वालियर संभाग के अन्तर्गत उत्कर्ष कार्य करने वाले सभी थाना प्रभारियो को सम्मानित किया गया ! जिसमें  शिवपुरी जिले से कोतवाली टी आई संजय मिश्रा का सम्मान  स्वमं पुलिस  महानिरीक्षक अनिल कुमार के द्वारा किया गया!  कोतवाली टी.आई   सजंय मिश्रा अपने कार्य क्षेत्र में  कार्य करने के साथ समाजिक क्षेत्र  में भी भागीदारी देते रहते है इसके  साथ  दिनारा थाना प्रभारी रामराजा तिवारी एवं कोतवाली ASI अरुण वर्मा को भी सम्मानित किया गया !                                                  

पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ भोपाल -यूपी में अखिलेश यादव ने 3 करोड़ राशनकार्डों पर अपना फोटो छपवा दिया था। मध्यप्रदेश में शिवराज सिंह चौहान हजारों मदरसौं के लाखों छात्रों को अपनी जीवनी याद कराएंगे।मदरसों में शुरू होने जा रहे एक नए पाठ में देश की महान हस्तियों की जीवन गाथाएं पढ़ाई जाएंगीं। इनमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान भी शामिल हैं। 
मध्य प्रदेश मदरसा बोर्ड के अध्यक्ष सैयद इमादउद्दीन ने बताया कि मध्य प्रदेश मदरसा बोर्ड द्वारा मदरसों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को ‘वतन से मोहब्बत का इस्लाम धर्म में क्या महत्व है’ विषय पर पाठ्यक्रम तैयार किया जा रहा है। इस पाठ्यक्रम से विद्यार्थी यह जान सकेंगे कि जिस धर्म के वे अनुयायी हैं, उसमें अपने वतन से वफादारी एवं मोहब्बत करने को कितना ऊंचा स्थान दिया गया है। 

उन्होंने कहा, ‘हम न केवल इस विषय पर पाठ्यक्रम तैयार कर रहे हैं, बल्कि प्रदेश के मदरसों में नरेंद्र मोदी, दीनदयाल उपाध्याय, मौलाना अबुल कलाम आजाद, एपीजे अब्दुल कलाम एवं शिवराज सिंह चौहान सहित देश के कई प्रसिद्ध हस्तियों की महान गाथाओं की शिक्षा भी छात्र-छात्राओं को देंगे, ताकि वे उनके द्वारा जीवन में किए गए संघर्षों एवं उनकी उपलब्धियों के बारे में जान सकें। 

सैयद इमादउद्दीन ने बताया कि मदरसे के पाठ्यक्रम में मध्य प्रदेश की जीवनदायिनी नदी नर्मदा को प्रदूषण मुक्त रखने के लिए पिछले साल 11 दिसंबर से चल रही नदी संरक्षण अभियान ‘नमामि देवी नर्मदे-सेवा यात्रा’ को भी शामिल किया जाएगा, ताकि वे इसके महत्व के बारे में जागरुक हो सकें। 

उन्होंने कहा कि इन सभी विषयों को मदरसे के पाठ्यक्रम में लाने के लिए एक समिति विचार-विमर्श कर रही है और जल्द ही अपनी रिपोर्ट राज्य शिक्षा केन्द्र को मंजूरी के पेश करेगी. उन्होंने कहा कि जैसे ही राज्य शिक्षा केन्द्र से हमें मंजूरी मिल जाएगी, इन सभी विषयों को मदरसों में विद्यार्थियों को पढ़ाया जाएगा.

सैयद ने बताया, ‘हम इसे जल्द से जल्द मंजूरी दिलाने की कोशिश कर रहे हैं, ताकि आने वाले शिक्षण सत्र से ही इन विषयों को विद्यार्थियों पर पढ़ाया जा सके.’ उन्होंने बताया कि यह कुछ नया नहीं है. यह पहले से ही है और किसी को यह अर्थ नहीं निकालना चाहिए कि जो मदरसे में पढ़ रहे हैं, उन्हें इसकी जानकारी नहीं है. यह पहले से ही धर्म में है.

गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में स्कूल शिक्षा विभाग के अन्तर्गत संचालित 7401 मदरसों में से 2535 को आधुनिक विषयों को पढ़ाने के लिए मान्यता दी गई है. इनमें 1254 मदरसे प्राथमिक और 1281 माध्यमिक-स्तर की मान्यता प्राप्त हैं. इन मदरसों में 2.30 लाख छात्र-छात्राएं उर्दू शिक्षा के साथ अन्य विषय में तालीम प्राप्त कर रहे हैं.

Image result for मुलायम सिंह यादव ki photoपूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ लखनऊ -यूपी विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद भी मुलायम सिंह यादव और अखिलेश यादव के बीच की तल्खियां शायद कम नहीं हुई है. कम के कम मुलायम के ताजा बयान से तो यही साफ होता है.
मैनपुरी में आयोजित एक कार्यक्रम में समाजवादी पार्टी के सरंक्षक मुलायम सिंह यादव ने कहा कि जो बेटा अपने बाप का नहीं हो सकता है, वह आपका क्या होगा. पिछले कुछ साल में मेरा इतना अपमान नहीं हुआ.
यूपी चुनाव में प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी रैली में कहा था कि जो बेटा बाप का नहीं हुआ वो आपका क्या होगा. और सही कहा था. अखिलेश ने इस बात का कभी खंडन नहीं किया. हमारे लोगों ने ही लोगों को ये बोलने का मौका दिया. मोदी के एक बयान का उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव में बड़ा असर हो गया.
साफ छलका मुलायम का दर्द
मुलायम के इस बयान के बाद विधानसभा चुनाव में पार्टी को मिली करारी हार के बाद उनका दर्द झलक आया.
मुलायम ने कहा कि मेरा इतना अपमान कभी नहीं हुआ. यही वजह है कि पार्टी के अंदर की कलह से समाजवादी पार्टी को चुनाव में करारी हार का सामना करना पड़ा.
उन्होंने कहा, 'मैंने अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाया. किसी पिता ने अपने रहते हुए बेटे के लिए पद का त्याग नहीं किया है. अखिलेश ने बदले में क्या किया?'
सपा संरक्षक ने सीधे तौर पर इसके पीछे अखिलेश-रामगोपाल की साजिश का आरोप लगाया. इस दौरान वे मैनपुरी से चुनाव लड़ने का संदेश भी दे गए. उन्होंने कहा कि अभी कुछ दिन इंतजार के बाद समर्थकों से बात कर करेंगे और उसके बाद कोई फैसला लेंगे.
अब सिर्फ जनता पर भरोसा
मुलायम ने कहा कि अखिलेश के पास बुद्धि है पर वोट नहीं. अखिलेश ने कांग्रेस से गठबंधन किया, जिसने मुझ पर तीन बार जानलेवा हमला करवाया. मैं अब अखिलेश के भरोसे नहीं जनता के भरोसे पर रहूंगा.
जितना मेरा अपमान अब हुआ, पहले कभी नहीं हुआ. अपनों ने ऐसा किया इसलिए कहने किससे जाते. दो लोगों ने मेरा अपमान किया. वो कौन हैं ये सब जानते हैं. मैं जनता की भावनाओं को ध्यान में रख फैसला करूंगा. कोई अपने बेटे को मुख्यमंत्री नहीं बनाता लेकिन मैंने बनाया. जो मेरे साथ हुआ वो सबके सामने है.
पूरे भाषण में मुलायम ने चार बार अपमान की बात दोहराई. मुलायम ने कहा शिवपाल इतना अच्छा काम करते थे. अखिलेश ने उन्हें मंत्रिमंडल से निकाल दिया. जो नरेंद्र मोदी और अन्य नेता कह रहे हैं जो अपने बाप का नहीं हुआ वो किसी का नहीं हो सकता. ये कहने का मौका मेरे अपनों ने ही दिया.
मुलायम ने कहा कि अखिलेश यादव ने अपने उस चाचा को ही मंत्री पद से हटा दिया था, जिसमें उसको जीवन की सही राह दिखाई. मेरी जिंदगी में ही मेरा सबसे अधिक अपमान हुआ है.
सुप्रीम कोर्ट ही सुलझा सकती है अयोध्या का मामला
मुलायम सिंह यादव ने अयोध्या मामले को लेकर कहा कि मेरी भी कोशिश रही थी अयोध्या मामले को सुलझाने की. अब तो सुप्रीम कोर्ट के सिवा और कोई पार्टी अयोध्या मामला नहीं सुलझा सकती. वहां पर सुरक्षा बलों की कार्रवाई में 16 लोग मारे गए थे जबकि 84 लोग घायल हुए थे. अब तो सुप्रीम कोर्ट का फैसला सभी मानेंगे

पीएम मोदी ने बीजेपी सांसदों से कहा मोबाइल पर लड़ा जाएगा 2019 का चुनावपूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ दिल्ली -प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि मोबाइल फोन अगले चुनाव का सबसे बड़ा हथियार  होंगे. पीएम मोदी ने अपने सांसदों को हिदायत दी कि वो मोबाइल पर व्‍हाट्सऐप, फेसबुक और ट्विटर के जरिए जनता से लगातार संवाद करें. मोदी उत्तरप्रदेश, बिहार, मध्यप्रदेश, छ्तीसगढ़, राजस्थान, झारखंड, हरियाणा समेत बाकि राज्यों के बीजेपी सांसदों के साथ राज्यवार बैठक कर रहे हैं.
बैठकों के अंतिम पड़ाव में पीएम मोदी ने मध्यप्रदेश और छ्त्तीसगढ़ के बाद कर्नाटक, आंध्रप्रदेश, उड़ीसा, तेलंगाना, झारखंड और तमिलनाडु के सांसदों के साथ बैठक की. बीजेपी सांसदों के साथ अपनी बैठकों के दौर में मोदी की यह पांचवीं बैठक थी.
मोदी ने कहा कि 2019 लोकसभा चुनाव के दौरान आम जनता से जुड़ने का सबसे कारगर जरिया मोबाइल फोन ही होगा. सांसदों को अपनी बात जन-जन तक पहुंचाने के लिए फेसबुक, ट्विटर और व्‍हाट्सऐप के जरिए जनता के साथ संवाद रखना पड़ेगा.
हमारी सहयोगी वेबसाइट मनीकंट्रोल डॉट कॉम ने संसदीय कार्यमंत्री अनंत कुमार के हवाले से बताया कि पीएम मोदी सांसदों को डिजिटल माध्यमों का अधिक से अधिक इस्तेमाल करना चाहिए. मोदी ने कहा कि डिजिटल प्लेटफार्म सबकी पहुंच में है और यह रियल टाइम भी है.
पीएम मोदी ने इससे पहले यूपी समेत दूसरे हिंदी भाषी राज्यों के बीजेपी सांसदों को हिदायत दी थी कि वो बीजेपी सरकारो के साथ मिलकर विकास का काम करें. मोदी ने कहा सांसद को ट्रांसफर पोस्टिंग से दूर रहकर जनता की सेवा करें.

bank rail services 01 04 2017पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ -नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत 1 अप्रैल से हो चुकी है और नए वित्तीय वर्ष में काफी कुछ बदल चुका है जिसका आपके जीवन पर सीधा असर पड़ना तय है। ऐसे में यह जानना बेहद जरूरी हो जाता है कि आखिर वो कौन से बदलाव हुए हैं। तो आइए हम आपको बताते है कि बैंकिंग सेवा क्षेत्र और रेलवे में क्या बड़े बदलाव हुए हैं।
पेट्रोल में 3.77 रुपए और डीजल में 2.91 रुपए की कटौती 
सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों ने पेट्रोल और डीजल के दाम घटा दिए हैं। पेट्रोल की कीमत में 3.77 रुपए प्रति लीटर की कटौती की गई है। जबकि डीजल के मूल्य 2.91 रुपए प्रति लीटर घटाए गए हैं। चूंकि इस कमी में वैट और राज्यों के दूसरे टैक्स शामिल नहीं हैं। लिहाजा वास्तविक कटौती इससे ज्यादा होगी। नई दरें शुक्रवार की आधी रात से लागू हो गई हैं। ढाई महीनों में यह पेट्रोल और डीजल की दरों में किया गया पहला बदलाव है। कटौती के बाद दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 66.29 रुपए प्रति लीटर हो गई है। अभी तक यह 71.14 रुपए प्रति लीटर में बिक रहा था। ऐसे ही डीजल का मूल्य घटकर 55.61 रुपए प्रति लीटर हो गया है। अब तक यह 59.02 रुपए प्रति लीटर में उपलब्ध था।
एसबीआई में एक अप्रैल से न्यूनतम राशि नहीं होने पर जुर्माना
भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) एक अप्रैल से खाते में न्यूनतम राशि नहीं होने पर जुर्माना वसूलेगा। इसके अलावा एसबीआई महीने में तीन बार बचत खाताधारकों को बिना शुल्क के नकद धन जमा कराने की अनुमति दी है। इसके बाद नकदी के प्रत्येक लेनदेन पर 50 रुपए का शुल्क और सेवाकर ग्राहकों को देना होगा। चालू खातों के मामले में यह शुल्क अधिकतम 20,000 रुपए भी हो सकता है।
दो लाख रुपए से अधिक का नकद लेनदेन अवैध
आज से दो लाख रुपए से अधिक का नकद लेनदेन अवैध माना जाएगा। सरकार ने पहले की प्रस्वाति सीमा 3 लाख में बदलाव करके इसे दो लाख कर दिया गया है। इसके अलावा, पहली जुलाई 2017 से अगर कोई व्यक्ति अपना 'आधार' नंबर आयकर विभाग को नहीं देता है तो उसका पैन नंबर रद्द हो जाएगा।
एसबीआई के पांच सहयोगी बैंकों का विलय
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में एक अप्रैल को 5 सहयोगी बैंकों का विलय हो जाएगा। इन बैंकों में स्टेट बैंक ऑफ बीकानेर एंड जयपुर, स्टेट बैंक ऑफ हैदराबाद, स्टेट बैंक ऑफ मैसूर, स्टेट बैंक ऑफ त्रावणकोर और स्टेट बैंक ऑफ पटियाला शामिल हैं।
वेटिंग टिकट यात्रियों को मिलेगी कंफर्म सीट
भारतीय रेलवे यात्रियों के लिए एक अप्रैल से नयी स्कीम लेकर आ रही है जिसके तहत वेटिंग टिकट वाले यात्रियों को उसी रूट पर जाने वाली दूसरी ट्रेन में कन्फर्म सीट लेने का विकल्प होगा।
सातवें वेतन आयोग को नोटिफाई कर सकती है सरकार
केंद्र सरकार सातवें वेतन आयोग को एक अप्रैल2017 को नोटिफाई कर सकती है। हालांकि कर्मचारी नेताओं का कहना है कि अगर सरकार ने बढ़े हुए अलाउंस को लागू करने की तारीक एक जनवरी 2016 नहीं रखी तो वह इसके लिए आंदोलन की राह पकड़ने को मजबूर होंगे।

mppsc 31 03 2017पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ इंदौर -लंबे इंतजार के बाद एमपी पीएससी ने राज्यसेवा और राज्य वनसेवा प्रारंभिक परीक्षा 2017 के नतीजे शुक्रवार शाम घोषित कर दिए। राज्यसेवा के लिए कुल 8556 उम्मीदवारों को जबकि वन सेवा में कुल 2905 उम्मीदवारों को अगले दौर के लिए चयनित किया गया है।
राज्यसेवा में अनारक्षित श्रेणी में कट ऑफ 69 रहा। 12 फरवरी को दोनों परीक्षाएं एकसाथ हुई थीं। राज्यसेवा में कुल 507 जबकि वन सेवा में कुल 174 पद हैं। प्रश्न पत्र के एक प्रश्न को रद्द कर कुल 198 अंकों के आधार पर मूल्यांकन किया गया।
अनारक्षित श्रेणी में महिलाओं का कट ऑफ 63, आरक्षित श्रेणी में पुरुष के लिए कट ऑफ 61 और महिला के लिए कट ऑफ 59 रहा। पीएससी के मुताबिक मुख्य परीक्षा के दौर में शामिल होने के लिए उम्मीदवार ऑनलाइन आवेदन 3 अप्रैल से 6 मई तक जमा कर सकेंगे। आयोग की वेबसाइट पर नतीजे देखे जा सकते हैं।

MARI themes

Powered by Blogger.