भाजपा नेता धैर्यवर्धन शर्मा ने इंन्दिरा की मौत पर कलेक्टर से मिलकर जांच दल गठित कराया। 

मंथन न्यूज शिवपुरी जिला अस्पताल में अस्पताल प्रबंधन और ड्यूटी डॉक्टर की लापरवाही से सोमवार को हुई महिला इंदिरा की मौत । महिला इंदिरा (35) अपनी सास तथा चार वर्ष की बेटी के साथ इलाज के लिए अस्पताल आई थीं। रात 11 बजे उसे खांसी की शिकायत हुई। उसकी बेटी और सास ने कई बार संबधित नर्स और डॉक्टर को बुलाने की गुहार लगाई मगर डयुटी डाक्टर ने न तो उसे देखा और न ही इलाज किया नतीजन तडप तडप कर सुबह 8 बजे उसने दम तोड दिया। इस पुरे मामले में डॉक्टर और उनकी असंम्वेदन शीलता सामने आयी इस है  असंवेदनशील घटना को मानव अधिकार आयोग के जिला संयोजक आलोक एम इन्दौरिया ने गंभीरता से लेकर आयोग को सूचित किया और फोन द्वारा एडीशनल डायरेक्टर सिसौदिया तथा वरिष्ठजनो से बात की और कार्रवाई को लेकर फैक्स किया
भा.ज.पा नेता धैर्यवर्धन जी ने इंदिरा की मौत पर कलेक्टर से मिलकर जांच पैनल गठित कराया।

भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य धैर्यवर्धन शर्मा का कहना है

जिला अस्पताल के मेडिकल वार्ड मे रातभर इलाज नहीं मिलने से हुई इंदिरा जाटव की मौत अमानवीय घटनाक्रम है भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य  धैर्यवर्धन शर्मा ने मामले मे शिवपुरी कलेक्टर से मिलकर जांच दल गठित कराया। 
कलेक्टर के संवेदनशील रवैया के चलते निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई का भरोसा है।
अधिकारियों के असंवेदनशील रवैये पर कोई समझौता स्वीकार नहीं किया जायेगा .प्रदेश के संवेदनशील मुखिया की भावना के अनुरूप मशीनरी को चलना ही होगा .
गरीब महिला इंदिरा जाटव की मौत पर  मैंने कलेक्टर को तीन सदस्यीय जांच दल गठित करने हेतु ग्यापन सौंपा ..