मंथन न्यूज़ भोपाल -जल संकट से निपटने के लिए निगम ने निजी ट्यूबवेलों अधिग्रहण की तैयारी की है। इसके लिए जोनल अधिकारियों से व्यावसायिक ट्यूबवेलों की सूची मांगी गई है। इसके बाद अधिग्रहण प्रस्ताव बना कलेक्टर को मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। दरअसल, राजधानी के लाइफ लाइन कहे जाने वाले बड़े तालाब का जल स्तर डेडलेवल 1645 फीट के करीब पहुंच गया है। इस स्थिति में शहर को जल आपूर्ति के लिए खासी दिक्कत न हो इसके लिए निगम ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसके पहले 2008 में भी निगम ने शहर के व्यावसायिक ट्यूबवैलों का अधिग्रहण किया था। जानकारी के मुताबिक शहर में 100 से अधिक व्यावसायिक ट्यूबवैल हैं।
फिलहाल बड़े तालाब से 30 एमजीडी पानी सप्लाई किया जाता हैं। डेडलेवल पर आने के बाद तालाब से पानी सप्लाई बंद कर दी जाएगी। ऐसे में बैरागढ़, गांधी नगर, लालघाटी, ईदगाह हिल्स और शाहजहांनाबाद सहित करीब करीब दो दर्जन से ज्यादा इलाकों में रहने वाली करीब लाखों की आबादी को जल संकट झेलना होगा। ऐसी स्थिति न बने इसके लिए निगम ने अभी से तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसके लिए ट्यूबवेल अधिग्रहण करने के साथ ही टैंकर किराए पर लिए जाएंगे। बता दें कि अल्प वर्षा के कारण शहर की लाइफ लाइन कहे जाने वाले बड़े तालाब का फुल टेंक लेबल 1666.8 से इस बार 5.3 फीट कम रहा। वहीं शहर को 30 एमजीडी पानी सप्लाई बड़े तालाब से ही होती है। इसी कारण रोजना 0.067 फीट जल स्तर कम होता जा रहा है।
फिलहाल बड़े तालाब से 30 एमजीडी पानी सप्लाई किया जाता हैं। डेडलेवल पर आने के बाद तालाब से पानी सप्लाई बंद कर दी जाएगी। ऐसे में बैरागढ़, गांधी नगर, लालघाटी, ईदगाह हिल्स और शाहजहांनाबाद सहित करीब करीब दो दर्जन से ज्यादा इलाकों में रहने वाली करीब लाखों की आबादी को जल संकट झेलना होगा। ऐसी स्थिति न बने इसके लिए निगम ने अभी से तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसके लिए ट्यूबवेल अधिग्रहण करने के साथ ही टैंकर किराए पर लिए जाएंगे। बता दें कि अल्प वर्षा के कारण शहर की लाइफ लाइन कहे जाने वाले बड़े तालाब का फुल टेंक लेबल 1666.8 से इस बार 5.3 फीट कम रहा। वहीं शहर को 30 एमजीडी पानी सप्लाई बड़े तालाब से ही होती है। इसी कारण रोजना 0.067 फीट जल स्तर कम होता जा रहा है।
अब ऐसे होगी जल आपूर्ति
बड़े तालाब से जल आपूर्ति बंद करने के बाद कोलार और नर्मदा पाइप लाइन से 30 एमजीडी की पूर्ति की जाएगी। निगम अधिकारियों ने बताया कि 10 एमजीडी कोलार और 10 एमजीडी नर्मदा पाइप लाइन से ज्यादा लिया जाएगा, जबकि 10 एमजीडी पानी की व्यवस्था निजी ट्यूबवेलों से की जाएगी।
निगम के 16 फिलिंग स्टेशन और 70 टेंकर्स
फिलहाल निगम के पास कुल 70 टेंकर्स है साथ ही 16 फिलिंग स्टेशन (हाईड्रेंट) हैं। जानकारी के अनुसार निगम ने 36 अतिरिक्त टेंकर्स किराये पर लेने की तैयारी भी की है। जहां से टैंकरों में पानी भरकर सप्लाई किया जाता है। इनमें 2 एमजीडी फिल्टर प्लांट श्यामला हिल्स, नई विधानसभा के पास, चार इमली, गोविंदपुरा टंकी, ई-6 जनता क्वार्टर, गौतम नगर, गोविंदपुरा वार्ड 59, रत्नागिरी, अयोध्या नगर, भानपुर, पीपुल्स अस्पताल, माता मंदिर, बैरागढ़ फिल्टर प्लांट, गांधी नगर टंकी, करबला और इनायतपुरा कोलार हाईड्रेंट शामिल है।
सरकार निजी ट्यूबवेलों को अधिग्रहण करने की तैयारी कर रही है जनता को पानी की परेशानी को देखते हुए सरकार ने आपना मन परिबर्तन कर लिया है ट्यूबवेलों को अधिग्रहण कर जनता को पानी की समस्या से दूर करना चाहती है सरकार अधिकारियों से व्यावसायिक ट्यूबवेलों की सूची मांगी गई है। इसके बाद अधिग्रहण प्रस्ताव बना कलेक्टर को मंजूरी के लिए भेजा जाएगा।
इनका कहना है-
राजधानीवासियों को पानी की समस्या न हो इसके लिए निगम तैयारी कर रहा है। हम निजी ट्यूबवेलों का अधिग्रहण करेंगे। टैंकर्स की भी संख्या में इजाफा किया जाएगा।
आलोक शर्मा, महापौर

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