आनंदीबेन भी पीएम की राह पर, बताया- पकौड़े से कैसे बनेगा करियर?

पूनम पुरोहित मंथन न्यूज़ भोपाल 11-Feb-2018 - पीएम मोदी के पकौड़ा वाला बयान सोशल मीडिया पर उनके गले की फांस बनता जा रहा है। इसी बीच मध्यप्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने भी युवाओं को पकौड़े बनाकर करियर बनाने के लिए प्रेरित किया है।


छिंदवाड़ा में गोंड महासभा के राष्ट्रीय अधिवेशन के उद्घाटन के दौरान अपने भाषण में सूबे की राज्यपाल आनंदीबेन ने लोगों को पकौड़े से करियर बनाने के गुर बताये। आनंदीबेन ने कहा कि सभी को सरकारी नौकरी नहीं मिल सकती ऐसे में जरूरी है कि बेरोजगारों के लिए कौशल विकास को प्रोत्साहित किया जाए।
'पकौड़े बनाने वाला होटल मालिक भी बन सकता है'
कौशल विकास के अपने इसी वक्तव्य को आगे बढ़ाते हुए राज्यपाल ने कहा कि हमारा अनुभव है कि पकौड़ा बनाना भी कौशल विकास का एक हुनर है। उन्होंने कहा कि इसमें दो साल भले सफलता न मिले, लेकिन तीसरे साल पकौड़े बनाने वाला रेस्टोरेंट का मालिक बन सकता है। आगे जाकर होटल मालिक भी बन सकता है। उन्होने आगे कहा कि कोई काम छोटा नहीं है, छोटे-छोटे काम करके ही देश के अनेक उद्योगपति विदेशों तक पहुंच गये हैं, फिर चाहे अंबानी हो या अदानी।
आदिवासी समाज पर बात करते हुए राज्यपाल ने कहा कि अंतरराज्यीय बच्चों का पर्यटन प्रवास देश की एकता के लिए सराहनीय प्रयास है। इसमें एसटी-एससी बच्चों की भागीदारी कैसे बढ़ाई जाए इसके लिए मैं प्रयास करूंगी। उन्होंने आदिवासी समाज से आग्रह किया कि बच्चियों की पढ़ाई पर सतत ध्यान दें और कम उम्र में उनकी शादी होने से रोकें। कुपोषण के खिलाफ जागरूकता लाएं और बच्चों की पढ़ाई पर जोर दें। राज्यपाल ने आश्वासन दिया कि वे आदिवासी समाज की समस्याओं को दूर करने के लिए निरंतर प्रयास करेंगी।

पूर्व केंद्रीय मंत्री भी हुए शामिल
कार्यक्रम के दौरान अखिल भारतीय गोंडवाना गोंड महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लीलाधर सोरी ने भी भाषण दिया। कार्यक्रम में पूर्व केंद्रीय मंत्री अरविंद नेताम एवं फग्गन सिह कुलस्ते ने भी उदघाटन सत्र को संबोधित किया। राज्यपाल ने आदिवासी समाज की 22 विभूतियों को सम्मानार्थ प्रमाण पत्र वितरित किये।